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मध्य प्रदेश: डेथ ट्रैप बनी सड़क, 400 से ज्यादा हादसों के बाद भी प्रशासन बेखबर

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मध्य प्रदेश  Published by: Fulchand Malviya , मध्य प्रदेश  Edited By: Kunal, Date: 20/05/2026 04:03:48 pm Share:
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  • Published by.: Fulchand Malviya ,
  • Edited By.: Kunal,
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  • 20/05/2026 04:03:48 pm
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संक्षेप

मध्य प्रदेश: देवास क्षेत्र का बिलावली रोड इन दिनों वाहन चालकों के लिए मौत का सफर साबित हो रहा है।

विस्तार

मध्य प्रदेश: देवास क्षेत्र का बिलावली रोड इन दिनों वाहन चालकों के लिए मौत का सफर साबित हो रहा है। इस मार्ग पर स्थित एक बेहद खतरनाक 'ब्लैक स्पॉट' लगातार खून से लाल हो रहा है हैरत और आक्रोश की बात यह है कि इस सिंगल स्पॉट पर अब तक लगभग 400 से अधिक दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, कई लोग अपनी जान गंवा चुके हैं और दर्जनों लोग जीवनभर के लिए अपाहिज हो चुके हैं। इसके बावजूद स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभाग गहरी कुंभकर्णी नींद में सोया हुआ है स्थानीय नागरिकों और राहगीरों के अनुसार, इस मार्ग पर दुर्घटनाओं का ग्राफ लगातार बढ़ने के पीछे सीधे तौर पर प्रशासनिक अनदेखी है। सड़क के इस हिस्से पर ऐसा खतरनाक घुमाव है जहां सामने से आने वाला वाहन तब तक दिखाई नहीं देता, जब तक वह बिल्कुल नजदीक न आ जाए इतने संवेदनशील डेंजर ज़ोन पर न तो कोई चेतावनी बोर्ड लगाया गया है, न रेडियम संकेतक हैं और न ही वाहनों की गति को नियंत्रित करने के लिए स्पीड ब्रेकर गति अवरोधक) बनाए गए हैं इस मार्ग पर पर्याप्त लाइटिंग की व्यवस्था न होने के कारण रात के समय यहाँ से गुजरना सीधे मौत को दावत देने जैसा है

लगातार हो रहे हादसों से आक्रोशित क्षेत्र की जनता और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है ग्रामीणों का कहना है कि हर हादसे के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी सिर्फ खानापूर्ति करके चले जाते हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर सुधार के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जाता क्षेत्रीय नागरिकों का साफ कहना है कि क्या प्रशासन किसी बहुत बड़े वीआईपी हादसे या सामूहिक मौत का इंतजार कर रहा है अगर जल्द ही इस ब्लैक स्पॉट को ठीक नहीं किया गया और यहाँ पुख्ता सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए, तो हम चक्काजाम और उग्र आंदोलन करने पर मजबूर होंगे, जिसकी समस्त जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी इस गंभीर लापरवाही पर एनसीआर समाचार सीधे सवाल करता है कि लगभग 400 हादसों का रिकॉर्ड होने के बाद भी लोक निर्माण विभाग (PWD) और जिला प्रशासन मौन क्यों है? इस खतरनाक मोड़ पर अब तक गति अवरोधक (स्पीड ब्रेकर)और चेतावनी बोर्ड क्यों नहीं लगाए गए इस मार्ग पर होने वाली हर असमय मौत का असली गुनहगार कौन है