Contact for Advertisement 9650503773


उत्तर प्रदेश: किसानों की समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने सौंपा ज्ञापन, समाधान न होने पर आंदोलन की दी चेतावनी

- Photo by : social media

उत्तर प्रदेश  Published by: Rajnesh shrivastav , उत्तर प्रदेश  Edited By: Shikha Pandey, Date: 07/11/2026 03:02:13 pm Share:
  • उत्तर प्रदेश
  • Published by.: Rajnesh shrivastav ,
  • Edited By.: Shikha Pandey,
  • Date:
  • 07/11/2026 03:02:13 pm
Share:

संक्षेप

उत्तर प्रदेश: बरेली किसानों और बागवानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने आवाज उठाई है।

विस्तार

उत्तर प्रदेश: बरेली किसानों और बागवानों की विभिन्न समस्याओं को लेकर भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने आवाज उठाई है। जिला प्रवक्ता मोहम्मद इकबाल एडवोकेट के नेतृत्व में यूनियन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश सरकार को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से किसानों की समस्याओं का जल्द समाधान कराने और जिम्मेदार विभागों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की गई। यूनियन ने आम के बागों में तना छेदक कीट सहित अन्य रोगों से पेड़ों को हो रहे नुकसान का मुद्दा उठाया। पदाधिकारियों का कहना है कि सरकारी गोदामों में जरूरी दवाइयां उपलब्ध नहीं हैं और बाजार में नकली व महंगी दवाओं के कारण बागवानों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसके साथ ही आम का न्यूनतम समर्थन मूल्य 100 रुपये, सेब का 130 रुपये और अमरूद का 100 रुपये प्रति किलो निर्धारित कर सरकारी खरीद शुरू कराने की मांग की गई। ज्ञापन में आवारा पशुओं, नीलगाय और जंगली सूअरों से फसलों को हो रहे नुकसान पर भी चिंता जताई गई। यूनियन ने इस समस्या से किसानों को राहत दिलाने के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की।

वहीं, बहेड़ी और नवाबगंज चीनी मिलों पर किसानों के करोड़ों रुपये के गन्ना भुगतान लंबित होने का मामला उठाते हुए मिलों का संचालन शुरू कराने और बकाया भुगतान दिलाने की मांग की गई। इसके अलावा यूरिया, डीएपी और एनपीके खाद की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने, कृषि दवाओं की कालाबाजारी रोकने और अवैध कीटनाशक दुकानों की जांच कराने की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही। सितंबर और नवंबर 2026 में हुई अतिवृष्टि एवं ओलावृष्टि से फसलों को हुए नुकसान का सर्वे कराकर किसानों को मुआवजा देने की मांग की गई। यूनियन ने खतौनी में नाम संबंधी गलतियों को शपथ पत्र के आधार पर ठीक कराने और एक ही गांव के अलग-अलग गाटा नंबरों की खतौनी से जुड़ी समस्याओं का समाधान करने की मांग भी रखी। भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) ने चेतावनी दी कि यदि किसानों की समस्याओं का जल्द समाधान नहीं किया गया तो संगठन बड़े स्तर पर आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा। इस दौरान आमिर रजा, हाजी मोहम्मद इकबाल एडवोकेट सहित कई किसान नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।


Featured News