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Smuggling of Expired Food Products: एक्सपायरी फ़ूड प्रोडक्ट बेचकर करते थे सेहत से खिलवाड़, 7 आरोपी सहित 20 लाख का माल किया बरामद 

- Photo by : NCR SAMACHAR

दिल्ली  Published by: Shubhi Shikha Nayal , दिल्ली  Edited By: Shubhi Shikha Nayal, Date: 03/07/2026 02:30:09 pm Share:
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  • Edited By.: Shubhi Shikha Nayal,
  • Date:
  • 03/07/2026 02:30:09 pm
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संक्षेप

दिल्ली: राजधानी दिल्ली में लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वाले बड़े फ़ूड फ्रॉड रैकेट का भंडाफोड़ हुआ हैं।

विस्तार

दिल्ली: राजधानी दिल्ली में लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ करने वाले बड़े फ़ूड फ्रॉड रैकेट का भंडाफोड़ हुआ हैं। इस पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मौके से 20 लाख का माल बरामद किया हैं और मामले में शामिल सात आरोपियों को भी गिरफ्तार किया हैं। दरअसल ये मामला दक्षिणी दिल्ली के पूर्वी जिला का हैं, जहाँ  पुलिस ने एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है, जो एक्सपायर हो चुके अंतरराष्ट्रीय फ़ूड प्रोडक्ट्स की एक्सपायरी डेट बदलकर उन्हें दोबारा पैक करके ओरिजिनल प्रोडक्ट के तौर पर बेचता था।

एक्सपायरी इंटरनेशनल प्रोडक्ट की तस्करी 

जानकारी के अनुसार पुलिस ने इस मामले में सात आरोपितों को गिरफ्तार करते हुए टीम ने 20 लाख से ज्यादा की कीमत के सामान भी बरामद किए हैं। ये एक्सपायर हो चुके फूड प्रोडक्ट्स पूरे भारत और इंटरनेशनल मार्केट में खुले तौर पर और ई-कॉमर्स प्लेटफार्म पर बेचे जाने वाले थे, जिससे लोगों की सेहत को खतरा हो सकता था। मौके से बरामद किए गए सामान में पैक्ड फ़ूड, ड्रिंक्स और खाने-पीने की दूसरी चीजें शामिल थीं। यह आपरेशन  इंस्पेक्टर अनिल मलिक ने एसीपी अनिल शर्मा की देखरेख व पुलिस उपायुक्त डॉ. हेमंत तिवारी की देखरेख में किया गया था। 

छापेमारी कर किया मामले का खुलासा 

पुलिस प्रशासन के मुताबिक उन्होंने बाल मजदूरी की सूचना पर ओखला इंडस्ट्रियल एरिया थाने की टीम ने बदरपुर के एसडीएम, एनजीओ मिशन मुक्ति और एफएसएसएआई के साथ मिलकर एक्स-57, ओखला फोज-दो स्थित वेस्टेंड कॉर्पोरेशन प्राइवेट लिमिटेड में छापा मारा था। बताया जा रहा हैं की इसका शुरुआती मकसद बाल मजदूरों को छुड़ाना था, लेकिन जगह की अच्छी तरह तलाशी और जांच के दौरान कोई नाबालिग या बाल मजदूर काम करता हुआ नहीं मिला बल्कि जगह की गहन जांच करने पर संगठित रैकेट का पता चला जो बाजार में बेचने के लिए फ़ूड प्रोडक्ट्स की मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट बदलकर उन्हें बेचता था।

एक्सपायरी फ़ूड प्रोडक्ट्स 

जानकारी के मुताबिक थम्स अप से लेकर हॉर्लिक्स पेपर बोट जैसे एक्सपायर्ड प्रोडक्ट भी बेचते थे, साथ ही अपराधी इंटरनेशनल ब्रांड्स के एक्सपायर होने वाले फ़ूड प्रोडक्ट्स को बहुत ही कम कीमत पर खरीदते थे और एक्सपायरी डेट और न्यूट्रिशनल वैल्यू वाले स्टिकर बदलकर उन्हें ओरिजिनल प्रोडक्ट्स के तौर पर बेचते थे। पुलिस ने मौके पर छापेमारी कर बड़ी मात्रा में हेराफेरी किए गए प्रोडक्ट बरामद किए हैं, जिनमें थम्स अप, फैंटा, बॉर्नविटा, हॉर्लिक्स, घी, मैगी नूडल्स, 2-लीटर कोल्ड ड्रिंक पैक और कोल्ड ड्रिंक कैन, और पेपर बोट जूस शामिल हैं। जांच में सामने आया हैं की यह कंपनी वेस्टेंड कॉर्पोरेशन प्राइवेट लिमिटेड के नाम से रजिस्टर्ड थी और इसके मालिक की पहचान दर्शन सिंह सचदेवा के रूप में हुई है।

किस तरह देते थे तस्करी को अंजाम 

पुलिस की जांच सामने आया हैं की आरोपी एक्सपायरी के करीब या एक्सपायर हो चुके फूड प्रोडक्ट्स की पुरानी मैन्युफैक्चरिंग और एक्सपायरी डेट को केमिकल से मिटाकर नई तारीखें छाप देते थे। इसके लिए फैक्ट्री में विशेष प्रिंटिंग और पैकिंग मशीनें लगाई गई थीं। इसके बाद नकली बारकोड, बैच नंबर और एमआरपी लगाकर उत्पादों को नए रैपर में दुबारा पैक किया जाता था और देशभर के बाजारों व ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर बेचा जाता था। छापेमारी में पूरी मशीनरी बरामद होने के बाद पुलिस ने ओखला इंडस्ट्रियल एरिया थाने में बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने इस मामले में अब तक सात आरोपियों को गिरफ्तार किया हैं, जिनमें कंपनी के 70 वर्षीय मालिक दर्शन सिंह सचदेवा, 38 वर्षीय मैनेजर नितेश भारद्वाज, 42 वर्षीय अकाउंटेंट नरेंद्र कुमार, 34 वर्षीय ऑपरेटर कपिल, 45 वर्षीय वेयरहाउस कीपर लकी ओझा, 33 वर्षीय सुपरवाइजर प्रेम यादव, 32 वर्षीय सुपरवाइजर पवन कुमार यादव शामिल हैं। फिलहाल पुलिस इस नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान में जुटी हुई हैं।