Contact for Advertisement 9650503773


Crime Update:17 वर्षीय नाबालिग को पिता को लिवर देने की अनुमति, दिल्ली हाई कोर्ट का अहम फैसला

- Photo by : Social Media

दिल्ली  Published by: Kunal Tewatia, दिल्ली  Edited By: Kunal, Date: 01/07/2026 09:58:01 am Share:
  • दिल्ली
  • Published by.: Kunal Tewatia,
  • Edited By.: Kunal,
  • Date:
  • 01/07/2026 09:58:01 am
Share:

संक्षेप

दिल्ली: एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील मामले में Delhi High Court ने 17 वर्षीय नाबालिग को अपने पिता को लिवर का हिस्सा दान करने की अनुमति दे दी है। यह मामला नाबालिग अंगदान से जुड़े कानूनी और नैतिक पहलुओं को लेकर बेहद चर्चा में है।

विस्तार

दिल्ली: एक महत्वपूर्ण और संवेदनशील मामले में Delhi High Court ने 17 वर्षीय नाबालिग को अपने पिता को लिवर का हिस्सा दान करने की अनुमति दे दी है। यह मामला नाबालिग अंगदान से जुड़े कानूनी और नैतिक पहलुओं को लेकर बेहद चर्चा में है। जानकारी के अनुसार, पिता गंभीर लिवर रोग से पीड़ित हैं और चिकित्सकों ने तत्काल ट्रांसप्लांट को जीवन रक्षक उपाय बताया था। परिवार के सदस्यों ने आगे आकर लिवर डोनेशन की इच्छा जताई, जिसमें 17 वर्षीय बेटे ने स्वेच्छा से अपने पिता को बचाने के लिए अंगदान की सहमति दी।

मामला जब अदालत के समक्ष पहुंचा तो इसमें नाबालिग की सहमति, चिकित्सकीय सुरक्षा और कानूनी प्रावधानों की गहन समीक्षा की गई। अदालत ने सभी मेडिकल रिपोर्ट और विशेषज्ञों की राय को ध्यान में रखते हुए यह माना कि यह निर्णय असाधारण परिस्थितियों में जीवन बचाने के उद्देश्य से लिया जा रहा है। कोर्ट ने यह भी सुनिश्चित किया कि सर्जरी पूरी तरह से चिकित्सकीय निगरानी में होगी और नाबालिग की सेहत पर किसी प्रकार का दीर्घकालिक जोखिम न हो। इसके साथ ही अस्पताल प्रशासन को सभी सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए गए हैं। यह फैसला न केवल एक मानवीय दृष्टिकोण को दर्शाता है, बल्कि अंगदान से जुड़े कानूनों में संवेदनशील मामलों की व्याख्या को भी स्पष्ट करता है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह मामला भविष्य में इसी तरह के मामलों के लिए एक मिसाल बन सकता है।