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मध्य प्रदेश: जनसुनवाई में कलेक्टर के सख्त निर्देश: जल समस्या पर सर्वे, हैंडपंप व वैकल्पिक आपूर्ति सुनिश्चित करने के आदेश
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संक्षेप
मध्य प्रदेश: झाबुआ कलेक्टर डॉ. योगेश तुकाराम भरसट द्वारा मंगलवार को जिला मुख्यालय पर साप्ताहिक जनसुनवाई का आयोजन किया गया। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न ग्रामों एवं तहसीलों से आए नागरिकों ने अपनी समस्याएं, शिकायतें एवं मांगें प्रस्तुत कीं।
विस्तार
मध्य प्रदेश: झाबुआ कलेक्टर डॉ. योगेश तुकाराम भरसट द्वारा मंगलवार को जिला मुख्यालय पर साप्ताहिक जनसुनवाई का आयोजन किया गया। जनसुनवाई में जिले के विभिन्न ग्रामों एवं तहसीलों से आए नागरिकों ने अपनी समस्याएं, शिकायतें एवं मांगें प्रस्तुत कीं। इस दौरान विभिन्न विभागों से संबंधित कुल 86 आवेदन प्राप्त हुए। कलेक्टर ने सभी आवेदनों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्रकरणों की तथ्यात्मक जांच कर निर्धारित समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जनसुनवाई में अधिकांश आवेदन पानी की समस्या एवं हैंडपंप की मांग से संबंधित पाए गए। इस पर कलेक्टर ने कार्यपालन यंत्री, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को निर्देशित किया कि सब-इंजीनियरों के माध्यम से आवश्यकतानुसार हैंडपंप की मांग का सर्वे कराया जाए तथा शासन से प्राप्त निर्देशों के अनुरूप प्राथमिकता के आधार पर हैंडपंप स्थापित किए जाएं। साथ ही, जहां हैंडपंप स्थापित करना संभव नहीं है, वहां संबंधित पंचायतों के माध्यम से टैंकर द्वारा नियमित जल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मेघनगर तहसील के पाडलझोसा निवासी श्री तूफान पिता कालु मेड़ा ने आवेदन प्रस्तुत कर बताया कि वे दोनों पैरों से 100 प्रतिशत दिव्यांग हैं तथा उनका पुत्र भी पैरों से दिव्यांग है। उन्होंने शासन की योजना के अंतर्गत आर्थिक सहायता प्रदान किए जाने का अनुरोध किया। इस पर कलेक्टर ने आदिवासी वित्त विकास निगम के माध्यम से टंट्या मामा आर्थिक कल्याण योजना अंतर्गत प्रकरण तैयार किए जाने के निर्देश दिए। ग्राम पंचायत नवापाड़ा भंडारिया निवासी श्री लालीया पिता सवला परमार ने बताया कि 10 मार्च 2026 को उनके घर में आग लगने से मकान एवं घरेलू सामान पूरी तरह नष्ट हो गया। आगजनी की घटना में उनके पांच पशुओं की मृत्यु हो गई, जबकि चार पशु गंभीर रूप से घायल हैं। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे पशुओं का उपचार कराने में असमर्थ हैं। इस पर कलेक्टर ने आरबीसी 6(4) के अंतर्गत प्रकरण बनाकर शीघ्र आर्थिक सहायता स्वीकृत करने के निर्देश दिए। मेघनगर तहसील के किशनपुरा निवासी श्री सलिया पिता मौका लबाना ने अपनी निजी कृषिभूमि के सीमांकन से असंतोष व्यक्त करते हुए पुनः नवीन सीमांकन कराने हेतु आवेदन प्रस्तुत किया। कलेक्टर ने संबंधित राजस्व अधिकारियों को प्रकरण का परीक्षण कर आवश्यक कार्यवाही के निर्देश दिए। राणापुर तहसील के ग्राम पालेड़ी निवासी श्री तम्बू तमोर ने निर्माण कार्य पूर्ण कराने एवं कार्य की गुणवत्ता संबंधी शिकायत प्रस्तुत की। कलेक्टर ने संबंधित विभाग को जांच कर आवश्यक सुधारात्मक कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। आवेदिका गीता बिलवाल ने सेवानिवृत्ति संबंधी प्रकरण प्रस्तुत करते हुए बताया कि विभाग द्वारा उन्हें नियत तिथि पर सूचना न दिए जाने के कारण वे 17 माह अतिरिक्त सेवा देती रहीं। बाद में विभाग द्वारा उक्त अवधि का वेतन वापस जमा करने के निर्देश दिए गए, जिसे वे अपनी आर्थिक स्थिति के कारण जमा करने में असमर्थ हैं। प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर ने जांच कर दोषी पाए जाने पर संबंधित अकाउंटेंट से वसूली किए जाने के निर्देश दिए। जनसुनवाई के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत जितेन्द्रसिंह चौहान, सहायक कलेक्टर आशीष कुमार सहित जिले के समस्त विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित रहे।
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