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उत्तर प्रदेश: कम बजट में बदली सदर तहसील की तस्वीर, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट इशिता किशोर की पहल

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उत्तर प्रदेश  Published by: Chhatra Pal , उत्तर प्रदेश  Edited By: Kunal Tewatia, Date: 01/10/2026 04:42:19 pm Share:
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संक्षेप

उत्तर प्रदेश: चमकता हुआ सदर तहसील को दिया नया स्वरूप, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट इशिता किशोर की पहल से बदली तस्वीर,, कम बजट में अधिक से अधिक सुधार करने की कोशिश इस पूरे जीर्णोद्धार की खास बात रही कहते हैं कि बरेली की स

विस्तार

उत्तर प्रदेश: चमकता हुआ सदर तहसील को दिया नया स्वरूप, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट इशिता किशोर की पहल से बदली तस्वीर,, कम बजट में अधिक से अधिक सुधार करने की कोशिश इस पूरे जीर्णोद्धार की खास बात रही कहते हैं कि बरेली की सदर तहसील में जब-जब किसी आईपीएस अधिकारी ने उपजिलाधिकारी एवं ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के रूप में जिम्मेदारी संभाली है, तब-तब तहसील के विकास और जीर्णोद्धार को नई दिशा मिली है। इसी क्रम में बरेली की सदर तहसील में ज्वाइंट मजिस्ट्रेट के रूप में जुलाई 2026 में कार्यभार संभालने वाली आईपीएस अधिकारी इशिता किशोर ने सीमित बजट में तहसील परिसर और कार्यालयों की तस्वीर बदलने की पहल की है। इशिता किशोर का बरेली सदर तहसील में कार्यकाल संभालने के बाद से ही कार्यालय व्यवस्था, साफ-सफाई, कर्मचारियों और फरियादियों के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने पर जोर रहा है। तहसील परिसर के विभिन्न हिस्सों में कराए गए जीर्णोद्धार और सुधार कार्यों के बाद अब यहां पहले की अपेक्षा अधिक व्यवस्थित और बेहतर माहौल नजर आ रहा है।


गुरुवार को जीर्णोद्धार कार्य पूरा होने के बाद पहली बार उनके कार्यालय में बैठकर बातचीत करने का अवसर मिला। बातचीत के दौरान तहसील के कायाकल्प को लेकर किए गए कार्यों और उनके पीछे की सोच पर चर्चा हुई। इस दौरान सामने आया कि करीब चार लाख रुपये के बजट में उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग करते हुए ऐसे कार्य कराए गए, जिनसे लगभग दस लाख से ज्यादा रुपये के काम जैसा प्रभाव तहसील परिसर में दिखाई देने लगा है। कम बजट में अधिक से अधिक सुधार करने की कोशिश इस पूरे जीर्णोद्धार की खास बात रही। पुराने और जर्जर हिस्सों को व्यवस्थित करने, कार्यालयों और कोर्ट की स्थिति बेहतर करने, परिसर की साफ-सफाई और सौंदर्यीकरण सहित जरूरी व्यवस्थाओं पर ध्यान दिया गया। 


उद्देश्य केवल रंग-रोगन तक सीमित न रखकर तहसील में आने वाले आम लोगों और कर्मचारियों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराना रहा। ज्वाइंट मजिस्ट्रेट इशिता किशोर की इस पहल से तहसील परिसर की बदली तस्वीर अब लोगों के बीच भी चर्चा का विषय बनी हुई है। तहसील में प्रतिदिन बड़ी संख्या में फरियादी अपनी समस्याओं को लेकर पहुंचते हैं। ऐसे में स्वच्छ, व्यवस्थित और बेहतर वातावरण का सीधा असर आम जनता के अनुभव पर भी पड़ता है। तहसील प्रशासन की ओर से सीमित संसाधनों में बेहतर काम कराने का यह प्रयास इस बात का उदाहरण है कि यदि उपलब्ध बजट का योजनाबद्ध तरीके से उपयोग किया जाए तो कम खर्च में भी किसी सरकारी कार्यालय की कार्यप्रणाली और वातावरण में उल्लेखनीय बदलाव लाया जा सकता है। इशिता किशोर की पहल से सदर तहसील परिसर को मिला यह नया स्वरूप आने वाले समय में यहां की व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।